शनिवार, 16 मई 2020

उनके बगैर जीकर दिखायेंगे-राजन विघार्थी

कल जिन आंखो मे प्यार नजर आता था
आज उन आँखो में बरबादी नजर आतू है
कल जिन्दगी से बेइम्तहाँ मोहब्बत थी
आज मौत में आजादी नजर आती है
पर यूँ  मौत को गले लगायेंगे हम
उनके बगैर जीकर दिखायेंगे हम
कल उनके लिए नजरे बिछायीं थी हमने
अब किसी और के लिए नजरें बिछायेंगे हम
घर उन्होंने अपना उजाड़ा तो क्या
अब नयी दुनिया बसायेंगे हम
उनके बगैर जीकर दिखायेंगे हम
राजन विघार्थी

कोई टिप्पणी नहीं: